आज उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने सरकारी आवास पर एक उच्चस्तरीय बैठक की, जिसमें प्रदेश के विभिन्न वर्षा और बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति की समीक्षा की गई। बैठक में संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी और जनपदों के प्रभारी मंत्री एवं जिलाधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े।
प्रभावित जिलों में राहत कार्यों की तत्परता से समीक्षा
मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि:
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बाढ़ प्रभावित गांवों में राहत सामग्री समय से वितरित की जाए।
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सामग्री की गुणवत्ता और मात्रा की पूरी निगरानी रखी जाए।
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प्रभावित लोगों को पैक और पका हुआ भोजन उपलब्ध कराया जाए।
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राहत शिविरों में महिलाओं की सुरक्षा और बच्चों के लिए दूध व अन्य आवश्यकताओं की पूर्ति की जाए।
24×7 कंट्रोल रूम सक्रिय रखने के निर्देश
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सभी प्रभावित जिलों में 24×7 नियंत्रण कक्ष (कंट्रोल रूम) सक्रिय रहें।
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सभी सूचनाएं जिला प्रशासन और राज्य मुख्यालय को दैनिक रूप से भेजी जाएं।
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मोबाइल मेडिकल टीमों के माध्यम से स्वास्थ्य शिविर लगाए जाएं और आवश्यकता अनुसार दवाओं का वितरण किया जाए।
अनाधिकृत और जर्जर भवनों पर सख्त कार्रवाई
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जो लोग खतरनाक और जर्जर भवनों में रह रहे हैं, उन्हें तुरंत सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया जाए।
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यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी व्यक्ति असुरक्षित मकानों में न रहे।
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ऐसी जगहों पर रह रहे लोगों के लिए सरकार द्वारा आवास योजनाओं के तहत आवास उपलब्ध कराए जाएं।
बिजली, जल, यातायात और साफ-सफाई की व्यवस्था सुदृढ़ करने के निर्देश
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प्रभावित क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति, पेयजल, सफाई और ट्रैफिक व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश।
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मुख्य मार्गों और संपर्क सड़कों पर पानी की निकासी के लिए पंपिंग की व्यवस्था सुनिश्चित हो।
स्वतंत्रता दिवस और जन्माष्टमी को लेकर विशेष तैयारी
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15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस पर सभी शासकीय कार्यालयों, पंचायत भवनों, स्कूलों व संस्थानों में झंडारोहण कार्यक्रम का आयोजन किया जाए।
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16 अगस्त को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर मंदिरों में साफ-सफाई, सुरक्षा, विद्युत व्यवस्था सुनिश्चित हो।
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पुलिस विभाग को निर्देश कि धार्मिक आयोजनों के दौरान पूरी सतर्कता और निगरानी बरती जाए।
हर घर तिरंगा अभियान की समीक्षा
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मुख्यमंत्री ने कहा कि “हर घर तिरंगा” एक राष्ट्रीय अभियान है, इससे प्रदेश के हर नागरिक को जोड़ा जाए।
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इस वर्ष प्रदेश में 4 करोड़ 60 लाख तिरंगे फहराए जाने का लक्ष्य है।
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2 से 8 अगस्त तक झंडा निर्माण का कार्य पूरा कर लिया जाए।
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9 से 12 अगस्त तक तिरंगा यात्राएं और कार्यक्रम आयोजित किए जाएं।
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13 से 15 अगस्त तक सरकारी व निजी कार्यालयों, संस्थानों और घरों में तिरंगा फहराया जाए।
शिक्षा और ड्रोन निगरानी पर विशेष निर्देश
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स्कूलों के निरीक्षण के लिए शिक्षा विभाग को निर्देशित किया गया कि मानक के अनुसार कार्य हो, लापरवाही पाए जाने पर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
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बच्चों की पढ़ाई में कोई अवरोध न हो, इसकी निगरानी की जाए।
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किसानों की जरूरतों के अनुसार उचित उर्वरक की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए।
ड्रोन उड़ान की निगरानी और अवैध उपयोग पर सख्ती
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अवैध ड्रोन उड़ाने और अनधिकृत संचालन पर पुलिस को सख्ती से कार्यवाही करने के निर्देश।
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सामाजिक और ग्रामीण सुरक्षा समितियों को सक्रिय कर संवेदनशील गांवों में सतर्कता बरती जाए।
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बिना अनुमति ड्रोन उड़ाने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाए और उन्हें कठोर दंड दिया जाए।
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आम जनता को जागरूक किया जाए कि अवैध ड्रोन पर ध्यान दें और पुलिस को सूचित करें।
ड्रोन नीति के तहत स्थानीय पुलिस की भूमिका
डीजीपी श्री प्रशांत कुमार ने बताया कि ड्रोन नीति 2023 के अनुसार प्रत्येक जिले में आवश्यकतानुसार स्थायी रूट मैप तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।
स्थानीय पुलिस अफसर 96 घंटे की पूर्व सूचना पर ड्रोन मार्ग घोषित कर सकते हैं।
विशेष उपस्थिति
इस बैठक में नगर विकास मंत्री श्री अरविंद कुमार शर्मा, परिवहन राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री दयाशंकर सिंह, स्कूल शिक्षा राज्य मंत्री श्रीमती गुलाब देवी, मुख्य सचिव श्री एस.पी. गोयल सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
